Home / World / Hindi News / Explainer:किसी राजनीतिक दल को कैसे मिलता है चुनाव चिह्न, क्या कॉकरोच के निशान पर भी मांगे जा सकते हैं वोट? – How Does A Political Party Get An Election Symbol, And Can Votes Be Sought On A Cockroach Symbol?

Explainer:किसी राजनीतिक दल को कैसे मिलता है चुनाव चिह्न, क्या कॉकरोच के निशान पर भी मांगे जा सकते हैं वोट? – How Does A Political Party Get An Election Symbol, And Can Votes Be Sought On A Cockroach Symbol?

चुनाव चिह्न कितने प्रकार के होते हैं?

चुनाव आयोग चुनाव चिह्नों को मुख्य रूप से दो श्रेणियों में बांटता है।

1. आरक्षित चुनाव चिह्न 

ये चिह्न राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय मान्यता प्राप्त दलों के लिए सुरक्षित होते हैं। इन चिह्नों का इस्तेमाल कोई दूसरी पार्टी नहीं कर सकती।

उदाहरण के लिए:

  • भाजपा– कमल
  • कांग्रेस– हाथ
  • बहुजन समाज पार्टी– हाथी (असम को छोड़कर)
  • आम आदमी पार्टी– झाड़ू

2. फ्री सिंबल

जो चिह्न किसी मान्यता प्राप्त पार्टी के लिए आरक्षित नहीं हैं, वे फ्री सिंबल कहलाते हैं। इनका इस्तेमाल गैर-मान्यता प्राप्त दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों को आवंटित किया जाता है। मार्च 2021 तक चुनाव आयोग की सूची में 190 से ज्यादा फ्री सिंबल मौजूद थे। इनमें कूलर, बैलून, टूथब्रश, मिक्सर, डोरबेल, अंगूर, कटहल, केक, टॉफी और रोजमर्रा के इस्तेमाल की कई वस्तुएं शामिल हैं।

क्या कोई नई पार्टी अपनी पसंद का चिह्न मांग सकती है?

इसका जवाब है हां, जब कोई गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल चुनाव लड़ता है तो वह चुनाव आयोग को फ्री सिंबल की सूची में से अपनी पसंद के कई विकल्प दे सकता है। इसके अलावा नियम यह भी अनुमति देते हैं कि पार्टी तीन नए प्रतीकों का प्रस्ताव भी दे सकती है। इसके लिए उसे प्रतीक का डिजाइन, चित्र और प्राथमिकता क्रम आयोग को देना होता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि आयोग हर मांग मान लेगा। अंतिम फैसला पूरी तरह चुनाव आयोग के हाथ में होता है।

क्या कॉकरोच चुनाव चिह्न किसी पार्टी को मिल सकता है?

यहीं पर सबसे महत्वपूर्ण नियम सामने आता है। चुनाव चिह्न आदेश में स्पष्ट प्रावधान है कि यदि कोई राजनीतिक दल नया चुनाव चिह्न प्रस्तावित करता है तो वह,

  • किसी मौजूदा चिह्न से मिलता-जुलता नहीं होना चाहिए,
  • धार्मिक या सांप्रदायिक अर्थ नहीं रखना चाहिए,
  • और सबसे महत्वपूर्ण उसमें किसी पशु या पक्षी का चित्र नहीं होना चाहिए।

यानी वर्तमान नियमों के अनुसार कोई नई पार्टी अगर कॉकरोच, कुत्ता, बिल्ली, शेर, बाघ, हाथी, मोर या किसी अन्य जीव-जंतु को नया चुनाव चिह्न बनाने का प्रस्ताव देती है तो उसे मंजूरी नहीं मिलेगी। इस लिहाज से देखा जाए तो कॉकरोच जनता पार्टी अगर भविष्य में पंजीकृत राजनीतिक दल भी बन जाए तो उसे कॉकरोच चुनाव चिह्न मिलने की संभावना बेहद कम है।


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