मृतक नवीन चंद जैन के परिवार के लोगों ने बैग को खोलकर शव को देखा तो उन्हें गहरा आघात लगा, अस्पताल के कर्मचारियों ने जिम्मेदारी लेने से किया इनकार

Image Courtesy NDTV
इंदौर: इंदौर में एक और आघात पहुंचाने वाला मामला सामने आया है. इंदौर (Indore) के यूनिक हॉस्पिटल (Unique Hospital ) में कोरोना वायरस (Coronavirus) के मृत रोगी के शरीर के कुछ हिस्सों को अस्पताल में कथित रूप से चूहों ने कुतर डाला. जब मृतक नवीन चंद जैन के परिवार के लोगों ने उनके शव के बैग को खोला तो उन्हें शव की स्थिति को देखकर गहरा आघात लगा. उन्होंने शव की तस्वीरें लीं. नवीन चंद जैन को शुक्रवार को यूनिक अस्पताल में भर्ती कराया गया था. वे कोविड-19 (Covid-19 ) पॉजिटिव थे. पांच दिन पहले ही शहर के शासकीय महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय के मुर्दाघर में एक व्यक्ति की लावारिस लाश के सड़कर कंकाल में बदल जाने का मामला सामने आया था.
नवीन चंद जैन के बेटे प्रकाश जैन ने आरोप लगाया कि अस्पताल ने उन्हें एक बैग में लिपटा हुआ विकृत शव दिया. उन्होंने कहा कि “हम शव को देखकर हैरान रह गए. चूहों ने आंखें, चेहरे, कान और पैरों को कुतर दिया था. अस्पताल के कर्मचारियों ने इसकी जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया. प्रशासन ने इसकी मजिस्ट्रियल जांच शुरू की है.”
कोविड मरीज के शव की दुर्गति का वीडियो सोमवार को सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासन ने मजिस्ट्रेटी जांच का आदेश दिया है. इस वीडियो में सफेद कफन में पूरी तरह लिपटे शव के चेहरे और पैर की जगह पर घाव नजर आ रहे हैं. वीडियो में विलाप करते एक परिजन की आवाज सुनाई पड़ रही है, “ये देखिए, हमें यूनिक हॉस्पिटल से जो लाश दी जा रही है, उसे चूहों ने कुतर दिया है.”
कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए इंदौर जिले के नोडल अधिकारी अमित मालाकार ने बताया, “कोविड-19 के इस मरीज ने यूनिक हॉस्पिटल में इलाज के दौरान रविवार की रात में दम तोड़ा. मरीज को उसकी गंभीर हालत के चलते ऑक्सीजन भी दी जा रही थी.” उन्होंने बताया कि निजी अस्पताल की लापरवाही के चलते बुजुर्ग के शव को चूहों के कुतरने के आरोपों के मद्देजनर जिला प्रशासन ने मजिस्ट्रियल जांच का आदेश दिया है.
दिवंगत बुजुर्ग के पोते चेतन ने बताया कि उनके दादा नवीन चंद जैन के शरीर में ऑक्सीजन के स्तर में लगातार उतार-चढ़ाव के चलते उन्हें चार दिन पहले दशहरा मैदान के पास स्थित यूनिक हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था. उन्होंने बताया, “जांच में मेरे दादा कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए थे. हालांकि डॉक्टरों ने हमें भरोसा दिलाया था कि वे जल्द ठीक हो जाएंगे.” जैन ने बताया कि “अस्पताल प्रबंधन ने मेरे दादा का शव सोमवार को सौंपा. हमने देखा कि चूहे उनके शव का कान और अंगूठा कुतर गए थे.”
कोरोना वायरस संक्रमण काल के दौरान इंदौर के अस्पतालों में शवों की दुर्गति का यह पहला मामला नहीं है. शहर के शासकीय महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय के मुर्दाघर में एक वयस्क व्यक्ति की लावारिस लाश के सड़कर कंकाल में बदल जाने का मामला पांच दिन पहले सामने आया था. यह मामला शांत भी नहीं हुआ था कि इसी अस्पताल में मुर्दाघर में पांच महीने के बालक के शव को कथित तौर पर छह दिन तक गत्ते के बक्से में बंद करके रखे जाने के प्रकरण का खुलासा हुआ था.
News Credit NDTV
Asian Tribune Your Multilingual Newspaper covering World and local news News